RK TV News
खबरें
Breaking News

सारण: जिलाधिकारी द्वारा तीन बच्चों को दंपतियों को दिया गया गोद।

RKTV NEWS/सारण (छपरा)06 अक्टूबर। जीवन की आपाधापी के बीच आकांक्षा वाले दंपत्ति जोड़े के लिए शनिवार का दिन खुशियाँ देने वाला रहा। सारण जिला प्रशासन के द्वारा तीन बच्चों को दत्तकग्रहण की कार्रवाई पूर्ण की गई। जिलाधिकारी अमन समीर द्वारा अपने कार्यालय कक्ष में तीन बच्चों को उनके दत्तकग्राही माता-पिता को अंतिम रूप से सौंपा गया। दत्तकग्रहण की प्रक्रिया पूरी होते ही बच्चे को नए माता-पिता को सुपुर्द कर दिया गया। इस दौरान दंपत्ति जोड़ों के चेहरे खुशी से खिल उठे और उन्होंने भाव विभोर होकर जिला प्रशासन को धन्यवाद प्रेषित किया।
तीनों बच्चों को भारत के विभिन्न राज्यों से आए दंपत्ति ने गोद लिया। दपंत्तियों द्वारा बच्चों को गोद लेने के लिए कारा के वेब पोर्टल पर ऑनलाईन आवेदन किया था। जिसका क्रम आने एवं सारी प्रक्रिया से गुजरने के बाद अनके फाइनल एडॉप्शन की प्रक्रिया जिलाधिकारी सारण अमन समीर द्वारा पूर्ण की गई। ज्ञात हो कि समाज कल्याण विभाग अंतर्गत जिला बाल संरक्षण इकाई द्वारा संचालित विशिष्ट दत्तकग्रहण संस्थान सारण के माध्यम से बच्चे को दत्तक ग्रहण की कार्रवाई की जाती है। संस्थान में चिल्ड्रेन इन नीड ऑफ केयर एंड प्रोटेक्शन वाले बच्चों की पूरी सुरक्षा और सुविधाओं के बीच रखकर उनका भरपूर पालन पोषण किया जाता है। इस अवसर पर प्रभारी सहायक निदेशक, जिला बाल संरक्षण इकाई पूजा कुमारी, बाल संरक्षण पदाधिकारी पंकज प्रसाद, समन्वयक कहकसा रसीद, दीपांशु राज आदि उपस्थित थे।

जानिए बच्चों गोद लेने के लिए क्या है नियम

कोई भी ऐसा दंपत्ति जिसकी शारीरिक एवं मानसिक स्थिति सुदृढ़ हो बच्चा गोद लेने के लिए पात्र हो सकता है। यदि उन्होंने कम से कम दो वर्ष का स्थिर वैवाहिक जीवन व्यतीत किया हो तथा दत्तक ग्रहण के लिए दोनों की आपसी सहमति जरूरी है। अलग-अलग उम्र वाले दंपत्ति के लिए अलग-अलग उम्र के बच्चे की पात्रता होती है। बच्चा गोद लेने के लिए केंद्रीय दत्तक ग्रहण संसाधन प्राधिकरण के वेबसाईट carings.wcd.gov.in पर रजिस्ट्रेशन कराना होता है। जाँच के बाद बच्चा गोद लेने के पात्र माता-पिता को बच्चा गोद दिया जाता है। एकल पुरूष अभिभावक को केवल लड़का गोद दिया जा सकता है, जबकि एकल महिला लड़का एवं लड़की दोनों को गोद ले सकती है। दो संतान वाले दर्पत्ति सामान्य बालक के दत्तक ग्रहण के लिए पात्र नहीं है। वह सिर्फ विशेष आवश्यकता वाले बालकों को ही दत्तक ग्रहण कर सकते है। देश में किसी अन्य माध्यम से बच्चा गोद लेना और देना कानूनी अपराध है।

Related posts

पूर्वी चंपारण:निर्वाचन कार्य में प्रयुक्त बाईक से लेकर ट्रेक्टर-ट्राली एवं बसों के लिये दैनिक मुआवजा की राशि तय।

rktvnews

रायपुर : छत्तीसगढ़ विधानसभा निर्वाचन-2023 : प्रथम चरण की बीस विधानसभा क्षेत्रों के लिए कुल 223 अभ्यर्थी होंगे चुनाव मैदान में।

rktvnews

बिहार:बक्सर:जीवनदायनी गंगा को स्वच्छ रखना हम सबकी जिम्मेवारी,आइये मिलकर गंगा को अविरल बनाये:जिलाधिकारी

rktvnews

एनएलसीआईएल ने ओडिशा में बीएचईएल को 2400 मेगावाट थर्मल पावर परियोजना आवंटित की।

rktvnews

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने एम्स ऋषिकेश के पांचवें दीक्षांत समारोह की अध्यक्षता की।

rktvnews

बिहार:मुख्यमंत्री ने सहरसा जिले में चल रही विकासात्मक योजनाओं की समीक्षात्मक बैठक की।

rktvnews

Leave a Comment