कला संस्कृति के क्षेत्र में मिनी बनारस कहा जाने वाला आरा में हैं व्यापक संभावनाएं।
कोईलवर के सोन तट पर हो फिल्म सिटी का निर्माण।
प्रत्याशियों ने मंच की कि उपेक्षा,राष्ट्रीय विभूतियों की स्थापित प्रतिमाओं के सम्मान से रहे विमुख: नरेंद्र सिंह(पत्रकार)
RKTVNEWS/आरा (भोजपुर)29 मई।कला संस्कृति के क्षेत्र में सदियों से समृद्ध आरा मिनी बनारस कहा जाता है। आरा शहर के समीप स्थित कोईलवर के सोन तट पर फिल्म सिटी निर्माण की व्यापक संभावनाएं हैं। भावी सांसद इस दिशा में ठोस पहल करें, तो आरा को मिनी मुंबई बनने में देर नहीं लगेगी। मंगलवार को सरदार पटेल बस पड़ाव स्थित भिखारी ठाकुर सांस्कृतिक मंच पर आयोजित एक कार्यक्रम में जिले के लोकप्रिय कलाकारों एवं रंगकर्मियों ने जनोपयोगी कई अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की। इससे पहले कलाकारों ने मंच के समीप स्थापित भिखारी ठाकुर, बिस्मिला खान एवं बाबू ललन सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ रंगकर्मी सह निर्देशक चंद्र भूषण पांडेय ने की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अन्य कलाकारों एवं रंगकर्मियों ने विलुप्त हो रही लोक कलाओं को पुनर्जीवित करने, सांस्कृतिक भवन एवं नागरी प्रचारिणी सभागार को कलाकारों के संरक्षण में संचालित करने, कलाकारों की सुरक्षा एवं उनके लिए रोजगार की गारंटी करने, कला प्रदर्शन की खर्चीली व्यवस्था से निजात दिलाने, रंगमंच की सुविधाओं विकसित करने, शैक्षणिक पाठ्यक्रम में रंगमंच को शामिल करने समेत कई अन्य मांगों पर विस्तार से चर्चा की। कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापन करते हुए भिखारी ठाकुर सामाजिक शोध संस्थान के संस्थापक अध्यक्ष नरेंद्र सिंह ने सभी प्रत्याशियों पर मंच की उपेक्षा करने का अरोप लगाया। उन्होंने बताया कि मंच पर भिखारी ठाकुर के अलावा बिस्मिला खान एवं पखावज सम्राट बाबू ललन सिंह की प्रतिमा लगी है, पर आज तक इन प्रतिमाओं पर कोई प्रत्याशी माल्यार्पण करने तक नहीं आया। हालांकि पूर्व सांसद राम प्रसाद कुशवाहा, कांति सिंह एवं मीना सिंह ने मंच के जीर्णोद्धार को लेकर सराहनीय सहयोग किया है। कार्यक्रम को संबोधित करने वालों में श्याम कुमार, कमलेश व्यास, गांधी जी, धनंजय कुमार सिंह, रंजन यादव, राजू रंजन, धर्मेंद्र प्रसाद, राजू प्रसाद आदि प्रमुख थे।

कला संस्कृति के क्षेत्र में मिनी बनारस कहा जाने वाला आरा में हैं व्यापक संभावनाएं।
कोईलवर के सोन तट पर हो फिल्म सिटी का निर्माण।
प्रत्याशियों ने मंच की कि उपेक्षा,राष्ट्रीय विभूतियों की स्थापित प्रतिमाओं के सम्मान से रहे विमुख: नरेंद्र सिंह(पत्रकार)