RKTV NEWS/चतरा (झारखण्ड)18 मार्च।भारत निर्वाचन आयोग द्वारा लोक सभा आम निर्वाचन-2024 की घोषणा दिनांक- 16.03.2024 शनिवार को कर दी गई है। भारत निर्वाचन आयोग की घोषणा की तिथि से हीं सम्पूर्ण क्षेत्र में आदर्श आचार संहिता प्रभावी है। इस अवधि में विभिन्न राजनीतिक दलों तथा प्रत्याशियों के द्वारा चुनाव प्रचार हेतु जन-सभा/जुलूस का आयोजन किया जाएगा। जन सभा एवं जुलूस में राजनीतिक प्रतिद्वंदिता एवं प्रतिस्पर्द्धा के कारण शस्त्र एवं शक्ति प्रदर्शन कर मतदाताओं को प्रभावित/आतंकित किये जाने तथा विधि-व्यवस्था भंग होने की प्रबल संभावना बनी रहती है। इसके अतिरिक्त मतदाताओं को डराने, धमकाने, जातीय, साम्प्रदायिक तथा धार्मिक विद्वेष की भावना फैलाने के लिए अवांछित/असामाजिक तत्वों के सक्रिय होने के कारण विधि-व्यवस्था की समस्या उत्पन्न हो सकती है, जिसके कारण लोक शान्ति भंग हो सकती है।
अतः उपर्युक्त परिपेक्ष्य में अनुमण्डल दण्डाधिकारी सह अनुमंडल पदाधिकारी सिमरिया सन्नी राज एवं अनुमण्डल दंडाधिकारी सह अनुमंडल पदाधिकारी चतरा सुरेंद्र उरांव द्वारा अनुमंडल अन्तर्गत निष्पक्ष चुनाव के आचरण एवं अनुकूल, स्वस्थ और शान्तिपूर्ण माहौल बनाये रखने के लिए संतुष्ट होकर चुनाव प्रक्रिया की समाप्ति होने तक अथवा अधिकतम 60 दिनों तक जो पहले हो, दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा-144 में प्रदत शक्तियों का प्रयोग करते हुए चतरा जिला के चतरा एवं सिमरिया अनुमण्डल के सम्पूर्ण क्षेत्र में निषेधाज्ञा आदेश जारी करते हुए निम्नांकित आदेश जारी किया गया है। 👇
*👉रैली, सभा एवं धरना:-👇*
किसी भी व्यक्ति/राजनीतिक दल/संगठन/उम्मीदवार/अभ्यर्थी के द्वारा राजनीतिक प्रयोजन से संबंधित किसी भी प्रकार की सभा, जुलूस, धरना या किसी भी प्रकार का प्रदर्शन बिना सक्षम पदाधिकारी के पूर्वानुमति के आयोजित नहीं किया जाएगा।
जुलूस में किसी भी व्यक्ति के पास किसी भी प्रकार का धारदार हथियार (अस्त्र एवं शस्त्र) जो मानव शरीर के लिए घातक हो, को लेकर चलने पर प्रतिबंध रहेगा।
चुनावी अभियान/प्रचार के दौरान उपयोग में लाये जाने वाले वाहन बिना सक्षम पदाधिकारी की अनुमति के बगैर उपयोग नहीं किया जायेगा।
रैली सभा एवं धरना में सरकारी सम्पति का उपयोग करना वर्जित रहेगा।
*👉ध्वनि विस्तारक यंत्र:-👇*
• The Jharkhand Control of the Use and Play of Loudspeakers Act, 1955 के अन्तर्गत ध्वनि विस्तारक यंत्र का प्रयोग रात्रि-10.00 बजे से प्रातः-6.00 बजे तक वर्जित रहेगा।
ध्वनि विस्तारक यंत्र का प्रयोग समक्ष पदाधिकारी कीे अनुमति के बगैर नहीं करेंगे।
ध्वनि विस्तारक यंत्र में किसी प्रकार के जाति, धर्म, समुदाय विशेेष से संबंधित गीत-संगीत/नारे का उपयोग नहीं किया जायेगा, ताकि दो समुदायो में शत्रुता या घृणा पैदा नहीं हो। ऐसा किये जाने पर आवेदक की ध्वनि विस्तारक यंत्र की अनुमति रद्द करते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जायेगी।
👉सम्पति विरूपण अधिनियम:-
किसी सरकारी संपत्ति पर नारा लिखना, पोस्टर/पम्पलेट चिपकाना, पार्टी विशेष का झण्डा लगाना, होर्डिंग लगाना एवं तोरण द्वार लगाना प्रतिबंधित रहेगा। सार्वजनिक स्थलो पर प्रचार-प्रसार का कार्य सक्षम पदाधिकारी के अनुमति के उपरान्त ही किया जायेगा। उक्त प्रतिबंध का उल्लंघन किये जाने पर संबंधित व्यक्तियों पर Prevention of Defacement of Property Act-1987 के सुसंगत धाराओं/प्रावधानों के तहत् कार्रवाई की जायेगी।
किसी भी व्यक्तिगत संपत्ति पर बिना संपत्ति मालिक के लिखित अनुमति के नारा लिखना, पोस्टर, पम्पलेट चिपकाना, पार्टी विशेष का झण्डा लगाना, होर्डिंग लगाना आदि प्रतिबंधित रहेगा।
*👉पाँच या उससे अधिक व्यक्ति पर प्रतिबंध:-
भारतीय दण्ड संहिता में परिभाषित किसी भी अपराध करने तथा शांति भंग करने के उद्देश्य से पाँच या उससे अधिक व्यक्ति का किसी भी स्थान पर एकत्रित होना प्रतिबंधित रहेगा।
*👉कोई भी व्यक्ति/राजनीतिक दल/संगठन/उम्मीदवार/अभ्यर्थी ऐसे किसी प्रकार का पोस्टर, पर्चा, आलेख, फोटो आदि का प्रयोग नहीं करेंगे, जो किसी व्यक्ति/समुदाय/धर्म/जाति की भावनाओं को आहत करता हो, तथा इससे आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन होता हो।
*👉किसी भी व्यक्ति अथवा राजनीतिक दल या संगठन, उम्मीदवार/अभ्यर्थी किसी व्यक्ति विशेष के विरूद्ध ऐसे किसी आपत्तिजनक टिप्पणी, विधि-विरूद्ध संदेश का प्रयोग व्हाट्सएप/फेसबुक/ट्विटर/इंस्टाग्राम अथवा सोशल मिडिया पर या किसी भी तंत्र पर नहीं करेंगें, जिससे किसी भी व्यक्तिगत/मानसिक/धार्मिक/जातीय भावनाएँ आहत होती हों तथा चुनाव संबंधी आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन होता हो। उक्त का उल्लंघन करने की स्थिति में संबंधित पर सुसंगत धाराओं/प्रावधानों के तहत् कार्रवाई की जाएगी। ( Sec 125 of RPA, 1951 और 153A Of IPC)
*👉कोई भी राजनीतिक दल/अभ्यर्थी निम्नवत् कार्य नहीं करेंगे:-
किसी भी व्यक्ति/राजनीतिक दल/संगठन/उम्मीदवार/अभ्यर्थी किसी धार्मिक स्थल का प्रयोग राजनीतिक प्रचार के लिए नहीं करेंगें। मतदाताओं को डराने, धमकाने का कार्य नहीं करेंगें और न हीं किसी भी मतदाता को प्रलोभन में लाने का प्रयास एवं साम्प्रदायिक भावना को भड़काने का कार्य करेंगें। (Sec 129 of RPA, 1951 or IPC 171 (B) (C)(E) and (F) के अन्तर्गत दण्डनीय होगा।
किसी राजनीतिक दल अथवा अभ्यर्थी अथवा अन्य किसी व्यक्ति के द्वारा ऐसा कोई कार्य नहीं किया जायेगा, जिससे विभिन्न जातियों या धार्मिक या भाषायी समुदायों के बीच घृणा की भावना उत्पन्न हो।
सरकारी स्वामित्व वाले गेस्ट हाउस, भवन का कोई भी हिस्सा किसी भी राजनीतिक गतिविधियों/सभा/बैठक के लिए उपयोग नहीं किया जायेगा।
प्रदूषण फैलाने वाले प्रचार सामग्रियों यथा प्लास्टिक/पॉलिथीन से बने पोस्टर, बैनर का इस्तेमाल राजनीतिक प्रचार-प्रसार के लिए नहीं किया जायेगा।
कोई भी पार्टी अपना अस्थाई कार्यालय धार्मिक स्थल, शिक्षण संस्थान एवं मतदान केन्द्र के 200 मीटर के अन्दर नहीं करेंगे।
कोई व्यक्ति शराब, नकदी या कोई अन्य ऐसी सामग्री वितरित करते हुए पाया जाता है, जिससे चुनाव कार्य प्रभावित हो सकता है, तो उसे विधिसम्मत धाराओं/प्रावधानों के तहत् दण्डित किया जायेगा।
निर्वाचन से संबंधित पम्पलेट, पोस्टर इत्यादि पर मुद्रक एवं प्रकाशक का नाम व पता होना अनिवार्य होगा अन्यथा यह 127A of RPA, 1951 का उल्लंघन माना जायेगा।
सार्वजनिक खजाने की लागत पर सरकार या पार्टी की उपलब्धियों को हाईलाइट करते हुए किसी भी नई विज्ञापन की अनुमति नहीं होगी और मौजूदा विज्ञापन को जारी रखने की अनुमति नहीं होगी।
मतदाताओं को कोई प्रलोभन वित्तीय या अन्य किसी प्रकार से प्रदान नहीं करेंगे।
मतदाताओं के जाति या साम्प्रदायिक भावनाओं से जोड़कर मतदाताओं को आकर्षित नहीं करेंगे।
*👉विभिन्न जाति या समुदायों या धर्मों के बीच मौजूदा विभेदों को बढ़ावा देने या तनाव पैदा करने का कोई प्रयास नहीं करेंगे।
चुनाव के दौरान किसी भी राजनीतिक पार्टी या कार्यकर्ता द्वारा भ्रष्टाचारिक प्रथाओं या चुनावी अपराधों का इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए अन्यथा विधिसम्मत कार्रवाई की जायेगी।
दूसरी राजनीतिक पार्टियों या उम्मीदवारों द्वारा आयोजित सार्वजनिक सभाओं या जुलूसों में कोई व्यवधान/बाधा नहीं उत्पन्न करेंगे।
चुनाव की घोषणा की तारीख से चुनाव समाप्ति तक 10 वाहनों से अधिक के काफिले की अनुमति नहीं होगी, सुरक्षा वाहनों को छोड़कर।
*👉कोई भी व्यक्ति/राजनीतिक दल/संगठन/उम्मीदवार/अभ्यर्थी किसी भी प्रकार का लाईसेन्सड हथियार लेकर नहीं चलेगा तथा आग्नेयास्त्र, तीर-धनुष, लाठी, भाला एवं मानव शरीर के लिए अन्य घातक हथियार का प्रदर्शन नहीं करेंगे।
*👉परन्तु उल्लेखनीय है कि यह आदेश:-* परम्परागत रूप से शस्त्र धारण करने वाले समुदाय (नेपालियों द्वारा खुखरी धारण करने तथा सिखों द्वारा कृपाण धारण करने वाले), विधि-व्यवस्था एवं निर्वाचन कर्तव्य पर लगे दण्डाधिकारियों/निर्वाचन कर्मियों और पुलिस पदाधिकारियों पर लागू नहीं रहेगा।
यह आदेश जिला दण्डाधिकारी द्वारा लोकसभा आम निर्वाचन के अवसर पर निर्गत किये जाने वाले आदेश के आलोक में निर्दिष्ट स्थान पर शस्त्र अनुज्ञप्तिधारियों द्वारा शस्त्र निरीक्षण कराने एवं शस्त्र जमा करने हेतु शस्त्र ले जाने वाले अनुज्ञप्तिधारियों पर शिथिल रहेगा।
कोई भी व्यक्ति/राजनीतिक दल/संगठन/उम्मीदवार/अभ्यर्थी के द्वारा भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी आदर्श आचार संहिता के संदर्भ में समय-समय पर जारी दिशा-निर्देश के विपरीत कोई भी कार्य नहीं किया जायेगा।
यह आदेश पूर्वानुमति प्राप्त सभा/जुलूस/शादी/बारात पार्टी/शव-यात्रा/हाट-बाजार/ अस्पताल जा रहे मरीज के साथ-साथ जा रहे व्यक्तियों, विद्यालय एवं महाविद्यालय जाने वाले छात्र/छात्राओं एवं कर्तव्य पर तैनात सरकारी कर्मचारी/पुलिस बल पर लागू नहीं होगा।
उन्होंने आदेश जारी कर यह भी कहा है कि संबंधित सभी व्यक्तियों को तत्काल रूप में नोटिस तामिला कराना संभव नहीं है, अतः यह आदेश एक पक्षीय (Ex-parte) पारित किया जाता है।
यह आदेश मेरे हस्ताक्षर और न्यायालय की मुहर से दिनांक-16.03.2024 शनिवार अपराह्न से जारी किया गया है।
यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा।



