
RKTV NEWS/आरा (भोजपुर)21 अगस्त। पटेल बस पड़ाव परिसर स्थित भिखारी ठाकुर सांस्कृतिक मंच पर आज भारत रत्न शहनाई वादक उस्ताद बिस्मिल्लाह खां की पुण्यतिथि पर एक परिचर्चा का आयोजन किया गया जिसकी अध्यक्षता शोधार्थी रवि प्रकाश सूरज और संचालन संस्थापक अध्यक्ष वरिष्ठ पत्रकार नरेंद्र सिंह ने की।
उस्ताद बिस्मिल्लाह खां, मृदंग वादक बाबू ललन सिंह और भिखारी ठाकुर की प्रतिमा पर माल्यार्पण के पश्चात रजत जयंती वर्ष के तहत भिखारी ठाकुर सामाजिक शोध संस्थान के बैनर तले आयोजित परिचर्चा ‘ बदलते परिवेश में शहनाई वादन ‘ विषय पर बोलते हुए डॉ किरण कुमारी, उमेश कुमार सुमन, सरफराज अहमद, डॉ अनिल कुमार सिंह, साहित्यकार डॉ कमल कुमार सिंह ने कहा कि खान साहब ने मांगलिक कार्यक्रमों में प्रचलित सुमधुर और शांतिप्रिय शहनाई वादन को देश ही नहीं विदेशों में भी सम्मानजनक स्थान दिलाया और इसी देश की युवा पीढ़ी डी जे की तरफ आकर्षित है। शहनाई समाज को शांति का संदेश भी देता है वहीं डी जे समाज में उत्तेजना पैदा कर रहा है। वर्तमान समय में महिला हो अथवा पुरुष डी जे की उत्तेजक धुन पर थिरकना अपना सम्मान समझते हैं।
शहनाई वादन आज समाज से विलुप्त होते जा रहा है। विदेशी वाद्य डी जे को अब विदेशों में भी सम्मान नहीं मिल रहा है। ऐसे में एक जन आंदोलन चलाकर समाज को अपने संस्कारों के प्रति जागरूक करने का प्रयास करना चाहिए। वक्ताओं ने डुमरांव में खान साहब के पैतृक आवास पर प्रतिमा स्थापित करने की माँग भी उठाई तथा मांगलिक कार्यों व अन्य सांस्कृतिक कार्यों में शहनाई वादन को प्राथमिकता देने की बातें कहीं।
शामिल लोगों में प्रीति कुमारी, संतोष कुमार सिंह, अखिलेश चंद्र, कवि राज कवि, नंद किशोर राम, अंबुज कुमार, स्वामी विक्रमादित्य, वरिष्ठ रंगकर्मी संजय कुमार सिंह, पत्रकार विजय कुमार सिंह आदि प्रमुख थे।

