
RKTV NEWS/आरा (भोजपुर)28 मई।आज विश्व माहवारी स्वच्छता दिवस के अवसर पर महिला एवं बाल विकास निगम द्वारा कस्तुस्बा गाँधी बालिका विद्यालय, न्यू पुलिस लाइन आरा में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंम जिला प्रोग्राम पदाधिकारी (ICDS), जिला अल्पसंख्यक कल्याण पदाधिकारी, प्रतिनिधि, शिक्षा विभाग, चिकित्सा पदाधिकारी, जिला मिशन समन्वयक, (DHEW) केन्द्र प्रशासन (OSC), विद्यालय के शिक्षिकाओं एवं छात्राओं द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया।
रश्मि सिन्हा, जिला प्रोग्राम पदाधिकारी (ICDS) ने बताया कि माहवारी पर स्वच्छता प्रबंधन की जानकारी अति आवश्वयक है। जानकारी नहीं रहने के कारण किशोरिया बहुत सी बिमारियों से ग्रसित हो जाती है। माहवारी में उपयोग की जानेवाली वस्तुएँ, पैड, कपड़े इत्यादि सही प्रयोग साफ-सुथरा रहने इत्यादि के विषय पर नसीहत दी।
श्रीमती रश्मि चिकित्सा पदाधिकारी द्वारा माहवारी प्रबंधन को PPT के माध्यम से विस्तार पुवर्क बताया गया। उन्होंने माहवारी में किस प्रकार रहना, स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने इत्यादि को बताया। पैड के उपयोग एवं उपयोग के बाद निरस्त करने इत्यादि के बारे में बताया। उन्होने कहा कि माहवारी महिलाओं/ किशोरियो के लिए अतिआवश्यक है। उसमे लज्जा/शर्म जैसी कोई बात नहीं है। आज कल कि मिथक जैसे नहाना नहीं, समाज में उठने बैठने जैसे भ्रातियो पर ध्यान नहीं देना है।
जिला अल्पसंख्यक कल्याण पदाधिकारी भोजपुर द्वारा कहा गया कि महिलाओं / किशोरियो पर माहवारी एक प्राकृतिक चक्र है। इसमें शर्म करने जैसी कोई बात नहीं है। इसपर खुलकर बात करने की आवश्यकता है।
मो० तैयब अहमद, जिला मिशन समन्वयक (DHEW) द्वारा बताया गया जर्मनी स्थित एन०जी.ओ. वाश युनाईटेड द्वारा 2013 में पहली बार माहवारी दिवस मनाया गया। तब से ही प्रत्येक 28 मई को विश्व माहवारी स्वच्छता दिवस के रूप में मनाया जाता है।
इसका उद्देश्य पुरे विश्व में जागरूकता बढाना तथा माहवारी स्वच्छता प्रबंधन को उचित प्रथाओं को बढ़ावा देना है। लडकियों के मासिक धर्म की जानकारी उनकी माताओं, महिला मित्रों और बड़ी बहनों से भी प्राप्त करना चाहिए।
वहीं उपस्थित सभी छात्राओं को माहवारी स्वच्छता प्रबंधक कीट का भी वितरण किया गयां एवं उन्हें इस्तेमाल करेन की जानकारी दी गयी।
कार्यक्रम में जिला प्रोग्राम पदाधिकारी (ICDS) जिला अल्पसंख्यक कल्याण पदाधिकारी, शिक्षा विभाग के प्रतिनिधि, जिला मिशन समन्वयक, केन्द्र प्रशासक मनोसमाजिक परामर्शी, MTS ,विद्यालय के वार्डेन, शिक्षिकाएं एवं अन्य मौजूद थे।
