
शाहपुर/भोजपुर( राकेश मंगल सिन्हा) 04 अगस्त।राहुल गांधी की सजा पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा रोक लगाए जाने से कांग्रेसियों में खुशी की लहर दौड़ गई है। कांग्रेस नेताओं एवं कार्यकर्ताओं द्वारा इस खुशी में मिठाई बांटी गई। भोजपुर जिला कांग्रेस अध्यक्ष अशोक राम ने राहुल गांधी की सजा पर सर्वोच्च न्यायालय द्वारा रोक लगाये जाने पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हमारे सर्वोच्च नेता राहुल गांधी के मोहब्बत के संदेश की जीत और भाजपा के नफरत की राजनीति की हार हुई है। उन्होंने कहा कि गुजरात की निचली अदालत और गुजरात उच्च न्यायालय का फैसला दुराग्रह से ग्रसित था और भाजपा के दबाव में दिया गया फैसला था। भाजपा को राहुल गांधी से डर है। भाजपा का आईटी सेल पहले राहुल गांधी को बदनाम करने के लिए पप्पू और तरह-तरह के उपनाम देता था। उन्होंने कहा कि रामेश्वरम से कश्मीर तक भारत यात्रा के दौरान हमारे सर्वोच्च नेता राहुल गांधी को मिले अपार जन समर्थन से भाजपा घबरा गई है। घबराहट और डर के कारण भाजपा और भाजपा समर्थकों द्वारा उन्हें केस में फंसा कर उनकी सदस्यता रद्द करा दी गई ताकि वे संसद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गलत कार्यों और फैसलों का खुलासा न कर सकें। सर्वोच्च न्यायालय के फैसले ने भाजपा की पोल खोल दी है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से नैतिकता के आधार पर इस्तीफा देने की मांग की है।

वहीं शाहपुर प्रखंड कांग्रेस अध्यक्ष राकेश कुमार त्रिपाठी ने कहा कि राजीव गांधी की सजा पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा लगाये गये रोक ने भाजपा की मानसिकता का पर्दाफाश कर दिया है। इससे आम लोगों में सर्वोच्च न्यायालय के प्रति श्रद्धा और विश्वास बढा है। उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी ईमानदारी की राजनीति करना चाहती है। उन्होंने कहा कि हम कांग्रेसी न किसी से डरे हैं और ना ही किसी से डरेंगे। उन्होंने कहा कि देश की सरकारी संपत्ति को बेचने वाले देशभक्त नहीं बल्कि देशद्रोही हैं।

