
आरा/भोजपुर (डॉ दिनेश प्रसाद सिन्हा)25 नवंबर।प्रो रविन्द्र शाहावादी ने अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में सम्मानित होने पर प्रो डॉ वीरेंद्र कुमार दत्ता को बधाई दी है। इन्होंने बताया की पंडित दीनदयाल उपाध्याय की 110 वीं जयंती के शुभ अवसर पर राष्ट्रीयता और मानवता के प्रतीक पंडित दीनदयाल उपाध्याय विषयक विश्व हिंदी अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन विज्ञान भवन नई दिल्ली में किया गया। वे भारत के वैसे महान विभूतियां में से एक है, जिनके दर्शन आज भी समाज और राष्ट्र के बीच समरसता के प्रतीक है। पंडित दीनदयाल जी का वैचारिक संसार अत्यंत व्यापक और समग्रता को लिए हुए हैं। उन्होंने भारत के सांस्कृतिक और राजनीतिक परिदृश्य को एक नया आयाम दिया। जैसा कि हम जानते हैं कि पंडित दीनदयाल जी की जयंती को अंत्योदय दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह दिवस उनके जीवन और दर्शन को सम्मानित करने का भी दिन है । अंत्योदय यानी समाज के अंतिम व्यक्ति का उत्थान यही उनके जीवन का मूल्य उद्देश्य रहा। उनकी यही सोच आज भी भारतीय राजनीतिक समाज और संस्कृति में महत्वपूर्ण स्थान रखती है। इस दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम में डॉ वीरेंद्र कुमार दत्ता सहायक प्राध्यापक (हिंदी) स्नातकोत्तर हिंदी विभाग आर.एन.ए.आर .कॉलेज समस्तीपुर को पंडित दीनदयाल उपाध्याय के शैक्षिक विचार दर्शन विषय पर व्याख्यान के लिए अंग वस्त्र एवं पं दीनदयाल उपाध्याय के प्रतीक चिन्ह भेंट कर विश्व हिंदी परिषद के महासचिव डॉ नवीन कुमार एवं अफ्रीका के राजदूत गबरू टेकले के हाथों सम्मानित किया गया ।
