कृषकों को आत्मनिर्भर व सशक्त बनाने के उद्देश्य से आपसी समन्वय बनाते हुए करें कार्य।
उप विकास आयुक्त ने सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा करते हुए शत प्रतिशत सुयोग्य लाभुकों को ससमय लाभान्वित करने का दिया निर्देश।
RKTV NEWS/देवघर (झारखंड)21 अक्टूबर।उपायुक्त सह जिला दण्डाधिकारी के निर्देशानुसार उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा की अध्यक्षता में आज कृषि, पशुपालन, गव्य, मत्स्य, भूमि संरक्षण, उद्यान एवं सहकारिता विभाग से जुड़े विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक का आयोजन समाहरणालय सभागार में किया गया। इस दौरान उन्होंने सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं के तहत किये जा रहे कार्यों की वास्तुस्थिति से अवगत हुए। साथ हीं विभिन्न योजनाओं के तहत धीमी गति से चल रहे कार्यों पर रोष प्रकट करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक व उचित दिशा निर्देश दिया। आगे बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त ने बिरसा बीज उत्पादन, वितरण एवं फसल विस्तार योजना तथा आत्मनिर्भरता – दलहन योजना की प्रखंडों को निर्धारित बीज की मात्रा शत-प्रतिशत उठाव नहीं होने पर नाराजगी जताई।
इसके अलावा बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त ने रबी मौसम के बीजों की समय पर आपूर्ति सुनिश्चित करने के साथ लैम्पस/पैक्स के अतिरिक्त निजी बीज आपूर्तिकर्ताओं तथा एफपीओ के माध्यम से बीज का वितरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही मृदा नमूना संग्रहण लक्ष्य को अविलंब पूरा करने पर जोर दिया गया। आगे बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त ने सहकारिता विभाग द्वारा किये जा रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए सभी पैक्सों को डिजिटल बनाते हुए बैंकिंग कॉरेस्पोंडेंस व्यवस्था सुनिश्चित करने का निदेश संबंधित विभाग के अधिकारी को दिया। आगे उन्होंने गव्य विकास व पशुपालन विभाग से जुड़े कार्यों की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना, जोड़ा बैल वितरण, बकरा वितरण, सुकर विकास, चूजा वितरण, बतख पालन आदि से जुड़े कार्यों की समीक्षा करते हुए शत प्रतिशत योग्य लाभुकों को लाभान्वित करने का निदेश दिया। साथ ही वित्तीय वर्ष- 2025-26 के अलावा भूमि संरक्षण विभाग द्वारा इस वित्तीय वर्ष में जिला अन्तर्गत सरकारी व निजी तालाबों को जिर्णाेद्धार को लेकर किये जा रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए शेष बचे तालाबों के जिर्णाेद्धार के कार्यों को ससमय पूर्ण करने का निदेश दिया। साथ ही जलनिधि योजना के तहत डीप बोरिंग, परकोलेशन टैंक के निर्माण कार्य के तहत किये जाने वाले कार्यों को लेकर संबंधित अधिकारियों को पारदर्शी तरीके से कार्यों को पूर्ण करने का निदेश दिया। समीक्षा बैठक के दौरान उप विकास आयुक्त ने कृषि विभाग द्वारा खरीफ फसलों के बीज वितरण (धान, मक्का, सरसों आदि) कार्यों के अलावा पीएमकेएसवाई, डीप एरिगेशन, पीएम किसान, केसीसी के तहत चल रहे कार्यों की बिन्दुआर समीक्षा करने के अलावा एफपीओ बनाने की दिशा में दिशा में संबंधित अधिकारियेां को आवश्यक व उचित दिशा-निर्देश दिया।
कृषि यांत्रिकी वितरण के कार्यों में तेजी के साथ-साथ लाए पारदर्शिता
उप विकास आयुक्त द्वारा जिला भूमि संरक्षण विभाग द्वारा किये जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए किन-किन योजनाओं के तहत जिले में किसान समूहों को कृषि यंत्र का वितरण किया जा रहा है। साथ हीं उन्होंने जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी को निदेशित किया कि कृषि यंत्रिकी के वितरण में पारदर्शिता के अलावा किसान समूहों को प्राथमिकता दिया जाय एवं जो योग्य लाभुक हैं, उन्हें योजना के लाभ से लाभान्वित किया जा सके। आगे उन्होंने कृषि विभाग द्वारा कृषि ऋण माफी योजना के अलावा खरीफ व रबी फसल वितरण को लेकर किये जा रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए रबी फसल से जुड़े वितरण के कार्यों को जल्द से जल्द पूर्ण करने का निर्देश जिला कृषि पदाधिकारी को दिया। साथ ही गोधन न्याय योजना, बिरसा ग्राम विकास योजना, उद्यान विकास से जुड़े विभिन्न कार्यों के अलावा एग्री स्मार्ट विलेज योजना की दिशा में जमीनी स्तर पर कार्य करते हुए उपायुक्त कार्यालय को अवगत कराने का निदेश संबंधित अधिकारियों को दिया।
इस दौरान उपरोक्त के अलावा जिला कृषि पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, जिला उद्यान पदाधिकारी, जिला मत्स्य पदाधिकारी, जिला भूमि संरक्षण पदाधिकारी, सहायक जनसम्पर्क पदाधिकारी एवं संबंधित विभाग के अधिकारी आदि उपस्थित थे।

